बेसिक शिक्षा परिषद ने पहली बार जारी किया कक्षावार टाइम टेबल

प्राथमिक विद्यालयों में इसी सत्र से एक समान समय सारिणी (टाइम टेबल) लागू करने पहल की गई है। अब प्रदेश भर के सभी विद्यालयों में एक समय में एक ही विषय पढ़ाया जाएगा। परिषद सचिव संजय सिन्हा ने यह कदम शैक्षिक गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए उठाया है। बेसिक शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि टाइम टेबल का अनुपालन तत्काल शुरू करा दें।

प्रदेश भर के एक लाख 12 हजार से अधिक प्राथमिक और 45 हजार उच्च प्राथमिक स्कूलों में पढ़ाई का ढर्रा बदलने जा रहा है। बेसिक शिक्षा परिषद  ने बीते छह अप्रैल को शैक्षिक कैलेंडर जारी किया था, उसमें किस माह में किस विषय में क्या पढ़ाया जाना है इसका निर्देश दिया गया था। अब पहली बार सभी स्कूलों के लिए एक समान समय सारिणी जारी की गई है। इसमें हर कक्षा में गणित, अंग्रेजी और विज्ञान विषयों की कक्षा से पढ़ाई शुरू होगी। यही नहीं कक्षा एक से आठ तक में पढ़ाई इन्हीं विषयों से शुरू होगी। इससे कठिन कहे जाने वाले विषय छात्र-छात्रओं के लिए रुचिकर बन सकें।

यह भी पढ़ेंः  डीएलएड प्रशिक्षुओं ने करोना संक्रमण के चलते परीक्षा न होने पर प्रमोट किए जाने की उठाई मांग

सचिव ने सभी बीएसए को भेजे पत्र में निर्देशित किया है कि समय सारिणी के अनुसार पठन-पाठन कराया जाए। यह कदम इसलिए उठाया गया ताकि समयबद्ध ढंग शैक्षिक गतिविधियां संचालित हों। साथ ही विद्यालयों के निरीक्षण के समय टाइम टेबल के अनुरूप शिक्षक कार्य की जांच करते हुए इसके अनुपालन संबंधी रिपोर्ट निरीक्षण आख्या में जरूर लिखी जाए।

योग और बाल सभा भी होगी परिषदीय विद्यालयों में कक्षा एक से लेकर पांच तक व छह से आठ तक के स्कूलों में अलग-अलग टाइम टेबल जारी हुआ है। दोनों जगहों पर सबसे पहले प्रार्थना, राष्ट्रगान और योग कराया जाना है। साथ ही दैनिक बालसभा भी होगी। असल में पिछले वर्ष तक परिषद की ओर से शैक्षिक कैलेंडर तो जारी होता था, लेकिन टाइम टेबल विद्यालय अपने हिसाब से तय करते थे। इस बार परिषद ने यह कदम भी उठाया है। कक्षा एक व तीन में पहली कक्षा गणित की होगी, जबकि कक्षा दो में गणित कार्यपुस्तिका, चार में अंग्रेजी और पांच में विज्ञान की पहली क्लास रखी गई है। कक्षा छह, सात व आठ में पहला पीरियड अंग्रेजी, विज्ञान व गणित का रखा गया है। कक्षा एक से पांच तक आखिरी आठवां पीरियड खेल, व्यायाम व स्वास्थ्य का है।

यह भी पढ़ेंः  जनवरी-फरवरी में होगी एनआईओएस अक्टूबर की परीक्षा

You may Like

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.