काफी दिनों के बाद शिक्षक भर्ती की चयन प्रक्रिया शुरू

उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद् द्वारा काफी दिनों के बाद शिक्षक भर्ती की चयन प्रक्रिया शुरू हो गई है। फिलहाल यह प्रक्रिया रुकने वाली नही है। माध्यमिक सेवा चयन बोर्ड लगातार परिणाम जारी कर रहा है। इसी के आधार पर चयनित युवाओं को विद्यालयों आबंटन कराये जा रहे है। चयन बोर्ड के अफसरों ने बताया कि टीचर सिलेक्शन प्रोसेस चुनाव आचार संहिता लागू होने के पहले से ही जारी है।

काफी सालों से चयन प्रक्रिया बाधित होने के कारण कॉलेजों में आधे से भी ज्यादा पद खाली पड़े हुए हैं। प्रदेश के अधिकतर माध्यमिक कॉलेजों में प्रधानाचार्य, प्रवक्ता व ग्रेजुएट टीचर को चयनित करने का कार्य चयन बोर्ड करता है। लम्बे समय के बाद पिछले वर्ष से अधिक शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में तेज़ी आयी है। साल 2013 के प्रवक्ता एव स्नातक शिक्षक यानि टीजीटी पीजीटी का चयन पूरा हो चूका है। अब वर्ष 2011 का चयन शुरू होने जा रहा है। जिसके लिए कई विषयों की उत्तरमाला जारी की जा चुकी हैं। और कुछ में आपत्तियां भी ली जा चुकी हैं। जल्द ही सभी विषयों के परिणाम जारी होने के बाद साक्षात्कार प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। कुछ राजनीतिक दलों ने इस विषय के बारे में चुनाव आयोग से शिकायत कर इन नियुक्तयों को रोकने की मांग कर रहे है। जिन डिपार्टमेंट में नियुक्तियां रोकने की मांग हुई है उसमें सबसे पहला नाम चयन बोर्ड का है।

इसके बाद से युवाओं में ये अटकले तेज़ हो रही है कि अब यह चयन प्रक्रिया बाधित हो सकती है। माध्यमिक कॉलेजों में चयन प्रक्रिया फिलाल रुकने वाला नहीं है इससे युवाओं में ख़ुशी का माहौल है। चयन बोर्ड कि सचिव रूबी सिंह ने बताया कि चुनाव आयोग कि तरफ से कोई निर्देश नहीं आया और चयन बोर्ड अचार सहिंता का उलंघन भी नहीं कर रहा। सचिव रूबी ने कहा कि यह चयन प्रक्रिया हो रही है नियुक्तियां देना का काम कॉलेजों के प्रबंधक करेंगे। शिक्षक भर्ती की प्रक्रिया आचार संहिता लागू होने के कई महीने पहले से चल रही है। इस प्रक्रिया में कोई भी नया बदलाव नहीं हुआ है। सचिव ने यह भी बताया कि जब प्रदेश में आचार संहिता लागू होते ही चयन बोर्ड ने election commission से संपर्क कर नियुक्ति प्रक्रिया से अवगत करा दिया था।Teacher selection process start in madhyamik colleges

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