यूपी बोर्ड परीक्षा 2021 के केंद्र निर्धारण के पहले चरण में ही कई खामियां सामने आई

प्रयागराज : हाईस्कूल व इंटरमीडिएट परीक्षा 2021 के लिए केंद्र निर्धारण का कार्य चल रहा है। परीक्षा केंद्र निर्धारण के पहले चरण में ही कई खामियां सामने आई हैं। जिओ लोकेशन एप का प्रयोग ठीक तरह से न होने से विद्यालयों के बीच की दूरी बहुत अधिक दिख रही है। कई जिलों में विद्यालयवार स्लैब भी ठीक नहीं है। बोर्ड सचिव दिव्यकांत शुक्ल ने सभी जिला विद्यालय निरीक्षकों से इन खामियों को छह जनवरी तक दुरुस्त करके वेबसाइट पर अपलोड करने का निर्देश दिया है।

यूपी बोर्ड परीक्षा के लिए प्रदेश भर के माध्यमिक कालेजों ने आधारभूत सूचनाएं वेबसाइट पर अपलोड की थीं। उनका सत्यापन करके 26 दिसंबर तक परिषद की वेबसाइट पर अपलोड है। परिषद ने छानबीन की तो कई त्रुटियां मिली हैं। सचिव ने कहा कि सूची में ऐसे विद्यालय दिए गए हैं, जिनकी जिओ लोकेशन गलत है या उसे अपलोड नहीं किया गया है। इसलिए स्कूलों में बीच दूरी अधिक दिख रही है। सचिव की ओर से यह भी कहा गया कि 2021 की केंद्र निर्धारण नीति में स्कूल की चहारदीवारी, हाईटेंशन लाइन, शिक्षण कक्षों की संख्या व क्षेत्रफल, विद्यालय परिसर में प्रधानाचार्य का आवास या आवासीय विद्यालय आदि की सूचनाओं में बदलाव हुआ है, इसलिए गंभीरता से लिया जाए। मान्यता प्राप्त बालिका विद्यालयों को केंद्र निर्धारण में प्राथमिकता मिलनी है, बारीकी से परीक्षण किया जाए।

समारोह में पुरस्कृत होंगी सर्वश्रेष्ठ प्रविष्टियां : जिलों में 28 दिसंबर से चार जनवरी तक शताब्दी समारोह के प्रतीकात्मक लोगो व शताब्दी गीत की जिला स्तर पर आनलाइन प्रतियोगिता पूरी हो गई है। यूपी बोर्ड सचिव ने सात जनवरी तक सर्वश्रेष्ठ तीन-तीन प्रविष्टियों का चयन करके हार्ड व साफ्ट कॉपी में नौ जनवरी तक परिषद मुख्यालय भेजने का निर्देश दिया है। सवरेत्तम प्रविष्टियों को पुरस्कृत किया जाएगा।