पीसीएस परीक्षा के लिए आवेदन करने वालों की आयु सीमा तय करने पर मंथन

उप्र लोकसेवा आयोग पीसीएस परीक्षा के लिए आवेदन करने वालों की आयु सीमा तय करने पर मंथन कर रहा है। कई साल से पीसीएस परीक्षा की तैयारी में जुटे अभ्यर्थी इसके विरोध में हैं, वहीं अन्य अभ्यर्थी भावी बदलाव को सभी के हित में मान रहे हैं। यदि अधिक उम्र वालों को अवसर देकर नियम में बदलाव हो तो अच्छे अभ्यर्थियों के चयन का द्वार खुलेगा।

असल में, यूपीपीएससी संघ लोकसेवा आयोग की तर्ज पर पाठ्यक्रम में बदलाव कर चुका है और पीसीएस 2019 में चयन की प्रक्रिया ठीक वैसे ही लागू की गई, जिस तरह से यूपीएससी में है। इसीलिए मुख्य परीक्षा से कुछ विषयों को हटाया गया और मेंस के लिए उत्तीर्ण होने वालों का मानक भी कम हुआ है। अब बारी आयु सीमा की है। पीसीएस में आवेदकों का अंतिम रूप से चयन होने तक वे उम्र के उस पड़ाव पर पहुंच जाते हैं कि सरकारी सेवा चंद वर्षो की ही बचती है। चयनित लंबे समय तक बेहतर सेवा दे सके इसके लिए जरूरी है कि आवेदन की उम्र कम हो। उस पर विचार चल रहा है।

बदलाव होने पर ये लाभ

  • प्रदेश को सिविल सेवा में युवा अधिकारी मिल सकेंगे।
  • नौकरी नहीं मिलने पर 40 से 45 वर्ष के लोग अवसाद में आ जाते हैं, कम आयु में नौकरी न मिलने पर वे दूसरी नौकरियों में जा सकते हैं।
  • पीसीएस में असफल आसानी से प्राइवेट, स्वरोजगार या फिर अन्य क्षेत्र में भाग्य आजमा सकते हैं।

अभ्यर्थी इस पर भी चाहते विचार

  • यूपीपीएससी को यह भी करना चाहिए कि जो अभ्यर्थी पीसीएस के साक्षात्कार में पहुंचते हैं और यदि वे असफल हो जाते हैं तो उन्हें चुनिंदा विभागों में चयनित कर लिया जाए।
  • इससे प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी और अच्छे सेवक आसानी से मिलते रहेंगे।
  • तैयारी कर रहे सभी प्रतियोगियों को दो अतिरिक्त अवसर मिले।

यूपीपीएससी अगर यूपीएससी की कार्यप्रणाली अपनाता है तो वह फायदेमंद रहेगा। इससे काम में पारदर्शिता आएगी, समय का समन्वय बेहतर हो सकेगा। वहीं परीक्षा का स्तर ठीक होगा। मौजूदा समय में आयोग के सामने परीक्षाओं को पारदर्शी तरीके से कराकर समय पर उसका रिजल्ट घोषित करने की चुनौती है। यूपीएससी का पैटर्न अपनाने पर यह दिक्कत दूर हो सकती है, लेकिन कोई भी बदलाव करने से पहले अभ्यर्थियों को उसके अनुरूप खुद को ढालने का मौका मिलना चाहिए। उन्हें मौका दिए बिना अचानक बदलाव करना अनुचित होगा। – प्रो. केबी पांडेय, पूर्व अध्यक्ष उत्तर प्रदेश लोकसेवा आयोग ।

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