राजकीय इंटर कॉलेजों के कायाकल्प के लिए अटल उत्कृष्ट विद्यालय योजना

  

राजकीय इंटर कॉलेजों (जीआइसी) के कायाकल्प के लिए राज्य सरकार अटल उत्कृष्ट विद्यालय योजना शुरू करेगी। योजना के तहत प्रत्येक जीआइसी के आधुनिकीकरण के लिए 50 लाख रुपये देने का इरादा है। भाजपा ने अपने लोक कल्याण संकल्प पत्र में सभी सरकारी स्कूलों और कॉलेजों के आधुनिकीकरण का एलान किया था। माना जा रहा है कि अखिलेश सरकार की ओर से शुरू की गई क्लीन स्कूल, ग्रीन स्कूल योजना को बंद कर उसके स्थान पर यह योजना लागू की जाएगी।

Atal Utkrisht Vidyalaya Yojana के तहत जीआइसी में अवस्थापना सुविधाओं को मजबूत किया जाएगा। राजकीय इंटर कॉलेजों के रखरखाव को सुदृढ़ करने के साथ उनमें पेयजल, शौचालय आदि की व्यवस्था को दुरुस्त किया जाएगा। शैक्षिक गुणवत्ता सुधारने के लिहाज से जीआइसी में प्रयोगशालाओं को सुदृढ़ किया जाएगा। किताबें उपलब्ध कराकर पुस्तकालयों को भी संसाधन संपन्न बनाया जाएगा। पढ़ाई के लिए सूचना प्रौद्योगिकी व संचार तकनीकी का इस्तेमाल किया जाएगा।

आधुनिक तरीके से पढ़ाई के लिए स्मार्ट क्लासरूम होंगे। उपस्थिति दर्ज कराने के लिए बायोमीटिक प्रणाली का उपयोग किया जाएगा। विद्यार्थियों को खेलने के लिए खेलकूद उपकरण भी मुहैया कराये जाएंगे। कॉलेज परिसर में स्वच्छता पर भी जोर होगा।

प्रदेश में 561 राजकीय इंटर कॉलेज हैं। समाजवादी सरकार की क्लीन स्कूल ग्रीन स्कूल योजना के तहत इनमें से 200 जीआइसी के आधुनिकीकरण के लिए धनराशि जारी की गई थी। क्लीन स्कूल ग्रीन स्कूल योजना को बंद कर शेष 361 जीआइसी में अटल उत्कृष्ट विद्यालय योजना को लागू करने की मंशा है।

योजना को अमली जामा पहनाने के लिए 175 करोड़ रुपये की दरकार होगी। माध्यमिक शिक्षा विभाग की ओर इस योजना का प्रस्तुतीकरण मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सामने किया जा चुका है। योजना को हरी झंडी दिखाये जाने के बाद माध्यमिक शिक्षा विभाग अब इसके लिए बजट आवंटित कराने की कवायद में जुटा है।’राजकीय इंटर कॉलेजों के आधुनिकीकरण का इरादा ’जीआइसी में बंद होगी क्लीन स्कूल ग्रीन स्कूल योजना jagran

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