नाराज शिक्षकों ने सेवा अधिकरण 2019 का विरोध किया

उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ ठकुराई गुट एवं उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षणोत्तर संघ ने विधान परिषद से पारित उत्तर प्रदेश सेवा अधिकरण 2019 का विरोध किया है। नाराज पदाधिकारियों और शिक्षकों ने सोमवार को सिविल लाइंस में सुभाष चौराहा पर प्रदर्शन किया, साथ ही अधिकरण विधेयक की प्रतियां भी जलाई।

इस दौरान हुई सभा में शिक्षकों और कर्मचारियों ने इसे अपने हितों के लिए काला विधेयक बताया। प्रदेश सरकार से इसेतुरंत वापस लेने की मांग की। कहा गया कि यह विधेयक उनके मूल अधिकार पर हमला है। सेवा विवादों में न्याय पाने के लिए शिक्षकों और कर्मचारियों को उच्च न्यायालय में जाने से रोका जा रहा है। कहा गया कि शिक्षा विभाग के नियमों और कानूनों में शीघ्र और समुचित न्याय दिए जाने के पर्याप्त प्रावधान हैं। संस्था प्रबंधकों और शिक्षा अधिकारियों के द्वारा मनमाने पूर्ण, पक्षपातपूर्ण तथा भ्रष्टाचार के लोभ में नियमों कानूनों को ताक पर रखकर कार्य किए जा रहे हैं। इसके कारण उच्च न्यायालय में मुकदमों की संख्या में वृद्धि हो रही है। सरकार के पास इन बेलगाम प्रबंधकों और शिक्षा अधिकारियों से जवाबदेही लेने का कोई तंत्र नहीं है। सरकार विवादों की संख्या कम करने के बजाय न्यायालयों को ही बढ़ा रही है।

ठकुराई गुट के प्रदेश महामंत्री लालमणि द्विवेदी ने बताया कि संघ ने राज्यपाल व राष्ट्रपति को ज्ञापन देकर विधेयक वापस लेने की मांग की है। विरोध प्रदर्शन में सुनील सिंह, डॉ. अरुण कुमार चौबे, डॉ. सुनील शुक्ला, डॉ. देवी शरण त्रिपाठी, अशोक यादव, विवेक सिंह, अनुपम श्रीवास्तव, अनिल तिवारी, राम विजय सिंह, अशोक कनौजिया, मऊद आलम , स्वतंत्र कुमार, अंजनी कुशवाहा, महेंद्र जैन, अशोक कुमार आदि शामिल थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.