एएमयू के टीपीओ साद हमीद ने फोन पर दिए विद्यार्थियों को महत्वपूर्ण टिप्स

समय प्रबंधन से ही परीक्षाओं की तैयारी संभव

Q- 12वीं की परीक्षा के साथ प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी में पहले क्या करें? – अंकुर, सुरेंद्र नगर

A- मुख्य परीक्षा को पहले प्राथमिकता दें। इसकी तैयारी के बीच में कुछ भी न सोचें। रेस्ट व रिलेक्स मूड में हों तो कुछ समय प्रतियोगी परीक्षा का मैटेरियल देख सकते हैं। प्रतियोगी परीक्षा में तभी बैठ सकेंगे, जब 12वीं पास कर अर्हता पूरी करेंगे।

Q- दो परीक्षाओं की तैयारियों में सामंजस्य कैसे बैठाएं? राधिका, अतरौली

A- इसके लिए समय प्रबंधन मुख्य भूमिका निभाएगा। पहले ये तय करना होगा कि किस समय में क्या करें? इससे भी जरूरी होगा कि उस समय में उस कार्य को पूरा भी करें। समय प्रबंधन सटीक नहीं होगा तो सब मिक्सअप होगा और परेशानियां बढ़ जाएंगी।

Q-’ दो विषय सामग्री एक साथ मिक्स न हों, इसके लिए क्या करें? राहुल मिश्र, अनूपशहर

A- शॉर्ट टर्म, मिड टर्म व लांग टर्म ये तीन टारगेट बनाकर पढ़ाई करनी होगी। ज्यादा समय मुख्य परीक्षा की तैयारी में व थोड़ा समय प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी में दें। कौन सी तैयारी कितने समय में खत्म करनी है? इसकी अंतिम समय सीमा भी तय करनी होगी।

Q- जिन विषयों की परीक्षा में ज्यादा गैप है, उनकी तैयारी बाद में करना सही रहेगा? अंजू कुमारी, सासनी गेट

A- पहले उन विषयों को तैयार कर लें, जिनमें थोड़ा समय मिल रहा हो। उसके बाद प्रतियोगी परीक्षा की पाठ्य सामग्री देखें। जो चीज पहले से तैयार होगी, उसको उन अवकाश के दिनों में रिवाइज करने से भी तैयारी हो जाएगी। मुख्य परीक्षा की अनदेखी न करें।

इन्होंने भी पूछे सवाल : क्वार्सी से राधिका, अनुज, सासनी से अजीत तोमर, पीएसी मोड़ से अंकिता, एटा चुंगी से सोनम पाल, सुरेंद्र नगर से विकास, रोहित, जनकपुरी से आदर्श मेहरोत्र, किशनपुर से ओमप्रकाश जादौन आदि।

साकारात्मक सोच सफलता का मंत्र : साद हमीद ने बताया कि हर कामयाब इंसान की सफलता के पीछे दो ¨बदु जरूर मिलते हैं। पहला सकारात्मक सोच व दूसरा समय प्रबंधन। समय की कद्र करें व पूरे 24 घंटे की प्लानिंग करें। पढ़ाई के बाद आधा घंटा रिलेक्स हों, फिर पढ़ाई करें। सोशल मीडिया पर बेवजह की चीजों पर समय न खराब करें।

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अलीगढ़ : पढ़ाई के दौरान प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करना किसी भी विद्यार्थी के लिए असमंजस की स्थिति ला देता है। पहले नियमित परीक्षा की तैयारी करें या प्रतियोगी की? कैसे पढ़ाई करें कि दोनों विषय सामग्री दिमाग में मिक्स न हों जैसे सवाल रहते हैं। इन समस्याओं के निवारण के लिए गुरुवार को ‘प्रश्न पहर’ में एएमयू के ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट ऑफिसर (टीपीओ) साद हमीद खास टिप्स दिए। उन्होंने विद्यार्थियों के सवालों के सटीक व सुझावात्मक जवाब दिए। कहा कि समय प्रबंधन से ही पढ़ाई के दौरान प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी संभव है। समय प्रबंधन भी तीन वर्गो अर्जेट, इंपोटेर्ंट व लीस्ट टास्क कैटेगरी में करना जरूरी है. साद हमीद ’जागरण

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