बीएड में दाखिले के लिए काउंसिलिंग छह जून से

लखनऊ : सूबे में बीएड के दो वर्षीय कोर्स में दाखिले के लिए प्रवेश काउंसिलिंग छह जून से शुरू होगी। इस बार 16 शहरों में 33 काउंसिलिंग केंद्र बनाये गए हैं। इस बार बीएड में करीब 37 हजार सीटें कम हो गई हैं। पिछले वर्ष सीटों की संख्या 1.82 लाख थी इस वर्ष यह घटकर 1.45 लाख हो गई है। बीएड काउंसिलिंग 30 जून तक आयोजित की जाएगी। वहीं एक जुलाई से सभी यूनिवर्सिटी व डिग्री कॉलेजों में बीएड का नया सत्र शुरू हो जाएगा।

बीएड की संयुक्त प्रवेश परीक्षा के राज्य समन्वयक प्रो. एनके खरे ने बताया कि काउंसिलिंग के लिए अभ्यर्थियों को अपने साथ काउंसिलिंग लेटर और दो राष्ट्रीयकृत बैंक के डिमांड ड्राफ्ट लाना होगा। इसमें 500 रुपये की काउंसिलिंग फीस व 5000 रुपये का एडवांस फीस का ड्राफ्ट लाना होगा। यह ड्राफ्ट वित्त अधिकारी लखनऊ विश्वविद्यालय, लखनऊ के नाम देय होना चाहिए।

कई विश्वविद्यालयों ने घटाई सीटें : बीएड की संयुक्त प्रवेश परीक्षा के राज्य समन्वयक प्रो. एनके खरे ने बताया कि कई यूनिवर्सिटी व कॉलेजों व सीटों में कमी हुई है। दो साल के बीएड होने के बाद कई कॉलेजों ने नेशनल काउंसिल फार टीचर एजुकेशन (एनसीटीई) की ओर से निर्धारित मानक को पूरा नहीं पाए। जिस कारण से बीएड की सीटें लगभग 37 हजार कम हो गई हैं। जिन यूनिवर्सिटी में सीटें कम हुई है उनमें डॉ. भीमराव अंबेडकर यूनिवर्सिटी आगरा, डॉ. राम मनोहर लोहिया यूनिवर्सिटी फैजाबाद, चौधरी चरण सिंह यूनिवर्सिटी मेरठ और वीर बहादुर सिंह पूर्वाचल यूनिवर्सिटी जौनपुर, कानपुर यूनिवर्सिटी शामिल है. की ओर से एडमिशन से संबंधित पूरी जानकारी नहीं भेजी गई है। इस बार बीएड की संयुक्त प्रवेश परीक्षा में 4.15 लाख अभ्यर्थियों ने क्वालीफाई किया है। इस तरह एक सीट पर एडमिशन के लिए तीन अभ्यर्थियों में मुकाबला होगा।

बर ली में सबसे ज्यादा अभ्यर्थी व लखनऊ दूसरे नंबर पर : बीएड कोर्स में एडमिशन के लिए छह जून से शुरू होने वाली काउंसिलिंग में इस बार सबसे ज्यादा स्टूडेंट्स बरेली जिले में आवंटित किए गए हैं। यहां पर तीन काउंसिलिंग केंद्र पर 23 हजार स्टूडेंट्स आवंटित किए किए गए है। इसके बाद दूसरा नंबर राजधानी लखनऊ का आता है. यहां 12 हजार अभ्यर्थी तीन सेंटर्स पर काउंसिलिंग में शामिल होंगे।

 पांच जून तक की मार्कशीट मान्य सब्जेक्ट बदलने का मौका नहीं : बीएड काउंसिलिंग में शामिल हो रहे स्नातक अंतिम वर्ष के अभ्यर्थियों को अपनी पांच जून तक की मार्कशीट पेश करनी होगी। इसके बाद जारी मार्कशीट मान्य नहीं होगी। ऐसे में कई अभ्यर्थियों का नुकसान होगा। खुद लविवि में बीए तृतीय वर्ष की परीक्षाएं अभी चल रही हैं। काउंसिलिंग में अभ्यर्थियों को विषय बदलने की सुविधा नहीं दी जाएगी।

पहली काउंसिलिंग में बुलाए गए 3.50 लाख अभ्यर्थी : बीएड में दाखिले के लिए आयोजित हो रही पहली काउंसिलिंग में 3.50 लाख अभ्यर्थी बुलाए गए हैं। जबकि बीएड में कुल 4.15 लाख अभ्यर्थी शामिल हुए थे और इसमें केवल आठ नकल के आरोप में फेल घोषित किए गए थे। बाकी सभी पास हो गए थे। बीएड की संयुक्त प्रवेश परीक्षा के समन्वयक प्रो. एनके खरे ने बताया कि अगर सीटें बची तो दूसरी काउंसिलिंग होगी वरना नहीं।

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